केजरीवाल को बरी करने के फैसले पर दिल्ली हाईकोर्ट में सुनवाई आज

केजरीवाल को बरी करने के फैसले पर दिल्ली हाईकोर्ट में सुनवाई आज

दिल्ली हाईकोर्ट बुधवार को प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) की उस याचिका पर सुनवाई करेगा, जिसमें दिल्ली के पूर्व मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल को बरी करने के निचली अदालत के आदेश को चुनौती दी गई है। जानकारी के अनुसार, केजरीवाल को फरवरी और मार्च 2024 में एजेंसी द्वारा दर्ज किए गए दो मामलों में निचली अदालत ने बरी कर दिया था। ये मामले दिल्ली आबकारी नीति जांच के दौरान संघीय एजेंसी द्वारा जारी समन की अनदेखी से जुड़े आरोपों पर आधारित थे। 22 जनवरी को दिए गए निचली अदालत के फैसले को ईडी ने हाईकोर्ट में चुनौती दी है, जिसकी सुनवाई जस्टिस स्वर्ण कांता की अध्यक्षता वाली पीठ द्वारा की जाएगी। निचली अदालत ने 22 जनवरी को अपना फैसला सुनाते हुए कहा था कि ईडी यह साबित करने में विफल रही कि केजरीवाल ने जानबूझकर समन की अवहेलना की। वहीं, अपनी अपील में ईडी ने आरोप लगाया है कि केजरीवाल ने जानबूझकर समन से बचने का प्रयास किया और जांच में शामिल नहीं होकर आदेशों का उल्लंघन किया। एजेंसी ने यह भी कहा कि केजरीवाल ने समन के जवाब में अनुचित आपत्तियां उठाईं और जांच से बचने का बहाना बनाया। ईडी ने अपनी याचिका में यह भी आरोप लगाया कि मामले के अन्य आरोपी केजरीवाल के संपर्क में थे और इस वजह से आम आदमी पार्टी को अवैध लाभ और कथित रिश्वत मिली। हालांकि, निचली अदालत ने पाया कि अभियोजन पक्ष आरोपी द्वारा जानबूझकर समन की अनदेखी को साबित करने में असफल रहा। अदालत ने यह भी उल्लेख किया कि जांच अधिकारी ने अगला समन उस समय जारी किया, जब आरोपी द्वारा बताए गए कारण की समय-सीमा समाप्त हो चुकी थी, जिससे यह संकेत मिलता है कि अधिकारी केवल समय समाप्त होने की प्रतीक्षा कर रहा था। इससे पहले 27 फरवरी को निचली अदालत ने केजरीवाल, पूर्व उपमुख्यमंत्री मनीष सिसोदिया और 21 अन्य लोगों को दिल्ली आबकारी नीति से जुड़े मामले में भी बरी कर दिया था। इस आदेश को चुनौती देने वाली अपील हाईकोर्ट में लंबित है और इस पर 6 अप्रैल को सुनवाई निर्धारित है।