रूस से डीजल खरीदने की योजना पर अमेरिकी सीनेटरों का कड़ा विरोध, ट्रंप से फैसले को तुरंत रद्द करने की मांग
अमेरिका के छह सीनेटरों ने राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप से रूस से डीजल खरीदने की योजना को तुरंत प्रभाव से रद्द करने की अपील की है। इस फैसले का विरोध करने वाले सीनेटरों में चार रिपब्लिकन और दो डेमोक्रेटिक पार्टी के सीनेटर शामिल हैं, जिन्होंने इस प्रस्तावित समझौते पर गंभीर चिंता जताई है। यह विवाद उस समय शुरू हुआ जब राष्ट्रपति ट्रंप ने रूसी राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन के साथ फोन पर हुई बातचीत के बाद एक बड़ा ऐलान किया था। इस घोषणा के तहत रूस द्वारा अमेरिका और वैश्विक बाजार को भारी मात्रा में डीजल आपूर्ति करने की योजना बनाई गई थी। विरोध दर्ज कराने वाले सीनेटरों का तर्क है कि रूस से डीजल खरीदने का सीधा मतलब राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन को वित्तीय और आर्थिक मजबूती प्रदान करना होगा। उन्होंने ध्यान दिलाया कि रूस द्वारा यूक्रेन के खिलाफ लगातार युद्ध जारी रखने के बीच यह फैसला अनुचित है। इसके अलावा, सीनेटरों ने यह आशंका भी जताई है कि यह कदम मौजूदा अमेरिकी कानूनों और प्रतिबंध संबंधी नियमों के खिलाफ हो सकता है। दूसरी ओर, राष्ट्रपति ट्रंप के समर्थकों का कहना है कि यह कदम देश में बढ़ती ऊर्जा कीमतों और ईंधन की लागत को कम करने के उद्देश्य से उठाया जा रहा है। हालांकि, ऊर्जा विशेषज्ञों का मानना है कि रूस से आयात की जाने वाली डीजल की मात्रा इतनी पर्याप्त नहीं होगी कि जिससे अमेरिका में ईंधन की कीमतों में कोई बड़ी गिरावट लाई जा सके।